नागपुर माहेश्वरी समाज के लिये डॉ. विनोद लाखोटिया एक ऐसा नाम हैं, जिनका उल्लेख होते ही हर किसी का गौरवान्वित होना स्वाभाविक ही है। आपकी पहचान फार्मास्युटिकल प्रोफेसर के साथ ही एक ऐसे वैज्ञानिक के रूप में भी रही, जिन्होंने जल के उपयोग के लिये कई उपकरणों का अविष्कार किया। उम्र के 78वें पड़ाव पर भी उनकी सेवायात्रा उसी तरह अनवरत जारी है।
आरवी जिला वर्धा (महाराष्ट्र) में जन्में डॉ. विनोद लाखोटिया वर्तमान में नागपुर समाज के लिये समर्पित समाजसेवी के साथ ही एक सफल वैज्ञानिक के रूप में गौरव का पर्याय बने हुए हैं।
आरवी से स्कूल शिक्षा पूर्ण की। प्रारम्भ से ही आप प्रतिभावान रहे। इसके पश्चात् फार्मेसी में एम.फार्मा तथा पीएच.डी. जैसी शीर्ष उपाधि प्राप्त की और इनके साथ ही आपका कार्यक्षेत्र नागपुर (महाराष्ट्र) बन गया।
सफल शिक्षक के साथ वैज्ञानिक भी
उच्च शिक्षा प्राप्त कर डॉ. लाखोटिया नागपुर विश्व विद्यालय के फार्मास्युटिक विभाग में प्रोफेसर के रूप में सेवा देने लगे। आप विश्व विद्यालय के मेडिसिन विभाग में फैकल्टी मेम्बर तथा बोर्ड ऑफ स्टडीज में भी कार्यरत रहे। इस क्षेत्र में कॉस्मेटिक साईंस के प्रति आपका विशेष लगाव रहा।
डॉ. लाखोटिया के मार्गदर्शन में कई विद्यार्थियों ने उच्च शिक्षा ग्रहण की और उनमें से कई देश-विदेश की बड़ी-बड़ी कम्पनियों में कार्यरत हैं। इसका कारण उनके अध्ययन करवाने के तरीकों में उद्योगों के अनुकूल ज्ञान प्रदान करना शामिल था। वे आप भी डॉ. लाखोटिया के मार्गदर्शन को श्रेय देने में पीछे नहीं रहते।

देश की ख्यात संस्था नीरी (NEERI) तथा भाभा ऑटोमेटिक रिसर्च सेंटर के साथ मिलकर भी आपने अनुसंधान किया और जल के उपयोग के लिये कई उपकरण बनाये। आप संस्था ‘‘एपीटीआय’’ के सम्पादक भी रहे।।
इनकी धर्मपत्नी वीणादेवी परिवार एवं इनके हर कार्य में सहयोगी रहे हैं। इनके सुपुत्र आनंद एवं पुत्रवधु पूजा पिछले कई वर्षों से अमेरिका में सॉफ्टवेयर कंपनी में कार्यरत हैं। इनकी पुत्री डॉ रेणु समीर गग्गड़ रिलायंस फाउंडेशन हॉस्पिटल मुंबई में अपनी सेवाएं दे रही हैं।
समाज की सेवा के सदैव तत्पर
वैसे तो डॉ. लाखोटिया हमेशा ही प्रत्यक्ष-अप्रत्यक्ष रूप से समाज को तथा समाज के युवाओं को मार्गदर्शन देकर अपना योगदान देते रहे हैं। जब समय मिला तो अपना अधिकांश समय ही आपके समाज व समाजजनों को समर्पित कर दिया।
इसी श्रृंखला में ज्येष्ठ नागरिक मंडल माहेश्वरी समाज के अध्यक्ष पद को सुशोभित करने के साथ ही साथ आप माहेश्वरी पंचायत सीताबर्डी के उपाध्यक्ष भी रह चुके हैं। माहेश्वरी पंचायत के छात्रवृत्ति योजना को आपने नई दिशा देने का काम किया है।

आपने हमेशा सबका साथ सबका विकास की तर्ज पर अपने काम को अंजाम दिया है। डॉ. लाखोटिया तकरीबन 15 वर्षों से माहेश्वरी पंचायत सीताबर्डी के कार्यकारिणी सदस्य के रूप में अपनी सेवा दे रहे हैं।
उम्र के 78 वर्ष के पड़ाव में भी आप युवा की भांति ही अपने काम को अंजाम देते हैं।
-सतीश लाखोटिया, नागपुर










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